Saturday, May 16, 2026

मतदाता सूची हेरा फेरी में कई अन्य लोगों को पुलिस ने उठाया।

राजस्व निरीक्षक को हिरासत में लेकर पुलिस कर रही है पूछताछ। 

मतदाता सूची हेरा फेरी में कई अन्य लोगों को पुलिस ने उठाया। 

कोतवाली में डीपीआरओ,एसडीएम,खंड विकास अधिकारी और सीओ की चली घंटों मंथन बैठक।

(मनोज चतुर्वेदी समाचार आजमगढ़ लाइव)
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आजमगढ़।
सगड़ी पंचायत चुनाव की मतदाता सूची में नाम जोड़ने और काटने में फर्जीवाड़ा सामने आने के मामले में पुलिस ने राजस्व निरीक्षक महेंद्र उपाध्याय को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। इस मामले में कई अन्य लोगों को पुलिस ने पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। मतदाता सूची जैसे महत्वपूर्ण मामले में हेरा फेरी को लेकर जीयनपुर कोतवाली में डीपीआरओ,उप जिला अधिकारी श्याम प्रताप सिंह,खंड विकास अधिकारी जितेंद्र कुमार मिश्र,पुलिस क्षेत्राधिकारी सगड़ी अनिल कुमार वर्मा,देर शाम तक मंथन करते रहे।अभी तक किसी कर्मचारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज नही किया गया है। पुलिस तहसील में कार्यरत एक निजी कर्मचारियों की तलाश में जुटी है।सगड़ी तहसील में तैनात कर्मचारी मतदाता सूची में हेरा फेरी में काफी दिनों से लिप्त रहे अधिकारी इस हेरा फेरी से बेखबर रहे। हेरा फेरी का मामला तब उजागर हुआ जब अंजान शहीद निवासी पूर्व प्रधान सुभान खान ने इसकी शिकायत की। शिकायत करते हुए सुभान खान ने जिलाधिकारी और उप जिलाधिकारी को अवगत कराया था कि उनके गांव में नाम जोड़ने और काटने के नाम पर बड़े पैमाने पर धांधली की जा रही है। शिकायत के बाद एसडीएम ने नायब तहसीलदार अजमतगढ़ आदर्श कुमार सिंह और खंड विकास अधिकारी अजमतगढ़ जितेंद्र नाथ मिश्र को जांच सौंपी तो मामला परत दर परत खुलता चला गया। शुक्रवार को उपजिलाधिकारी ने अंजान शहीद के दोनों बी एल ओ और सुपरवाइजर को बुलाकर सूची प्रमाणित कराया तो पता चला कि मतदान केंद्र संख्या 88 वार्ड नंबर 10 से 15 तक 62 लोगों के नाम जोड़ने और 42 लोगों के नाम काटने की जो सूची जमा की गई उस पर हस्ताक्षर फर्जी हैं। फर्जी हस्ताक्षर के आधार पर ही 62 लोगों का नाम जोड़ा गया, जबकि 42 लोगों का नाम वैकल्पिक सूची से काट दिया गया।इस मामले में शुक्रवार को कार्रवाई करते हुए नायब तहसीलदार ने जीयनपुर कोतवाली में संतोष कुमार भास्कर के नाम तहरीर दिया।संतोष कुमार भास्कर के बयान में कई अन्य लोगों का नाम भी इस फर्जीवाड़े में सामने आया। शनिवार को पुलिस ने तहसील कार्यालय में तैनात राजस्व निरीक्षक महेंद्र उपाध्याय को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। इस कार्यालय में निजी तौर पर तैनात एक कर्मचारी को पुलिस तलाश कर रही है। शुक्रवार को ही संतोष कुमार भास्कर सहित दो लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया था। शनिवार को देर शाम तक सभी अधिकारी इस मामले पर गहन मंथन करते रहे और हिरासत में लिए गए कर्मचारियों से पूछताछ करते रहे।
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निष्पक्ष हुई जांच तो कई प्रधान भी इस फर्जीवाड़े में नपेंगे। 
पुलिस हिरासत में लिए गए संतोष भास्कर ने अपने बयान में जहां कई अन्य कर्मचारी के संलिप्त होने की बात कही है वही कई प्रधानों के भी इस मामले में शामिल होने की आशंका जताई जा रही है।
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मामले की होगी निष्पक्ष जांच। 
नायब तहसीलदार अजमतगढ़ आदर्श कुमार सिंह ने कहा कि इस मामले की निष्पक्ष जांच होगी। शनिवार को भी कई लोगों से पूछताछ की गई है किसी भी दोषी को छोड़ा नहीं जाएगा। 
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सफाई कर्मचारी संघ ने तहसील मुख्यालय पर प्रदर्शन कर निष्पक्ष जांच की उठाई मांग। 
उत्तर प्रदेश पंचायती ग्रामीण सफाई कर्मचारी संघ अजमतगढ़ के सफाई कर्मियों ने शनिवार को सगड़ी तहसील पर प्रदर्शन का उपजिलाधिकारी को संबोधित पत्र नायब तहसीलदार को सौंपते हुए मांग किया कि सफाई कर्मचारी संतोष भास्कर को जबरदस्ती खंड विकास अधिकारी और तहसील के लोगों ने निर्वाचन के कार्य में लगाया था। बड़े अधिकारियों का जो आदेश होता था उसका पालन करना सफाई कर्मचारी की मजबूरी थी। निर्वाचक नामावली का कार्य तहसील कर्मियों की दबाव में किया जाता था लेकिन दंडात्मक कार्यवाही केवल सफाई कर्मचारी संतोष कुमार भास्कर पर ही की जा रही है जो अन्यायपूर्ण है। इस मामले में जितने लोग शामिल हैं सबके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए,साथ ही इसकी गहन जांच की जाए ताकि जितने लोग दोषी हैं सबको दंड मिले। ऐसा नहीं होता है तो हम लोग एक सप्ताह के बाद भूख हड़ताल करने पर विवश होंगे।

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