Friday, May 3, 2024

राष्ट्र एवं मानवता की सेवा के लिए सदैव समर्पित रहा है संतों का जीवन:: महामंडलेश्वर वृंदावन

राष्ट्र एवं मानवता की सेवा के लिए सदैव समर्पित रहा है संतों का जीवन:: महामंडलेश्वर वृंदावन 

नेता अभिनेता और अधिकारी  सब बनना चाहते हैं संत तो भगवान की कृपा से बनकर आते हैं संत महात्मा।

रजादेपुर मठ के बाल महंत शिव सागर भारती को संतों ने पीठ पर किया विराजमान।

(मनोज चतुर्वेदी समाचार आजमगढ़ लाइव)
 हर खबर पर नजर सच है तो दिखेगा।

आजमगढ़।
सगड़ी तहसील के प्रसिद्ध रजादेपुर मठ पर शुक्रवार को आयोजित संत समागम में भक्तों को संबोधित करते हुए वृंदावन के महामंडलेश्वर स्वामी नवल गिरी जी महाराज ने कहा कि संतों का जीवन सदैव ही राष्ट्र एवं मानवता की सेवा के लिए समर्पित रहा है। नेता अभिनेता, अधिकारी और डॉक्टर सभी लोग बनना चाहते हैं लेकिन संत तो भगवान की कृपा से बनकर आते हैं। संतों ने रजादेपुर के बाल महंत शिवसागर भारती को सिद्ध पीठ पर विराजमान किया। रजादेपुर मठ पर सात दिवसीय श्री विष्णु महायज्ञ का आयोजन चल रहा है। यज्ञ के तीसरे दिन शुक्रवार को काफी संख्या में संतों और महामंडलेश्वर का समागम हुआ। संतों ने बाल महंत शिवसागर भारती का रजादेपुर की सिद्ध पीठ पर चादर देकर विराजमान कराया।इस अवसर पर भक्तों को ज्ञान रस का अमृत पान कराते हुए महामंडलेश्वर विद्या चैतन्य महाराज जी नैमिषारण्य जी ने कहा कि हिंदू समाज पर जब भी किसी तरह का संकट आया है तो संत समाज ने दिल से सेवा की है। आज राजसत्ता संतों के सम्मान को आगे बढ़ा रही है।जिससे राष्ट्र का गौरव बढ़ रहा है।संत समागम में स्वामी चिदंबरानंद जी महाराज,महामंडलेश्वर स्वामी नवलगिरी जी वृंदावन,महंत पंचानन पुरी महाराज गोरखपुर मठ,महंत रामापुरी मठ दुर्वासा, विजय कुमार दास,महंत प्रमोद गिरी गाजीपुर,महंत तुलसीदास तरकुलही गोरखपुर,महंत गरिमा भारती मठिया देवरिया,आचार्य रिचा आदि ने आशीष दिया।इस अवसर पर ज्ञानेंद्र कुमार मिश्रा, ओमकार शास्त्री,तेजभान तिवारी, अरविंद नायक,जसवंत सिंह सोनू, दीपक उपाध्याय,सुजीत सिंह, दीपक सिंह,दुर्गेश मिश्रा मौजूद रहे।

No comments:

Post a Comment